नौ साल से दिखाया जा रहा लुठियाग के ग्रामीणों को सड़क से जोड़ने के सपना! पर आज भी 6 किमी0 पैदल चलने को हैं मजबूर..
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| फोटो- चिरबटिया के पैदल सफर कर रहे लुठियाग के ग्रामीण। |
रामरतन पंवार/जखोली।
विकासखंड जखोली का दूरस्थ गांव लुठियाग आज भी सड़क मार्ग से नही जुड़ पाया हैं। जिससे कि ग्रामीणों को आज भी लगभग छह किलोमीटर पैदल चलकर स्थानीय बाजार चिरबटिया आना पड़ता है, जबकि वर्ष 2010-11 मे मोटर मार्ग से जोड़ने हेतू सर्वेक्षण का कार्य भी किया गया था। बता दे कि मुख्य बाजार चिरबटिया से लुठियाग की दूरी लगभग छह किलोमीटर है।
जखोली ब्लाक का दूरस्थ गाँव लठियाग जनपद गठन के 21 साल बाद भी सड़क मार्ग से अछूता है यहां के ग्रामीण लंबे अरसे से मोटर मार्ग की मांग कर रहे है। गांव के लिए सड़क सुविधा न होने के कारण ग्रामीणों को 6 किलोमीटर दूर चिरबटिया बाजार जाना पड़ता है। ग्रामीण अपनी आवश्यक सामग्री हर रोज कंधे या पीठ के बल पर लाद कर अपने गंतव्य स्थान तक पहुंचते है।
लुठियाग गांव के पूर्व प्रधान रुप सिंह मैहरा,सामाजिक कार्यकर्ता त्रिलोक सिंह कैन्तूरा, कमल सिंह मैहरा, पूर्व प्रधान प्रेम सिंह मैहरा, किरत सिंह आदि लोगों का कहना है कि यातायात सुविधा उपलब्ध कराने हेतु पहले दो बार सर्वे का काम कराया गया प्रथम मे पीएमजीएसवाई के द्वारा व दूसरी बार लोक निर्माण विभाग रूद्रप्रयाग के द्वारा लेकिन अभी तक मोटर मार्ग निर्माण कार्य शूरू नही करवाया गया। जिस संबंध मे ग्रामीणों ने मोटर मार्ग पर कार्य प्रारम्भ कराये जाने हेतू शासन, प्रशासन व सम्बन्धित विभाग को कई बार लिखित व मौखिक रूप से अवगत कराया गया लेकिन किसी के कान मे जूं तक नहीं रेंगा।
मोटर मार्ग की पत्रावलियों का भी आज तक पता नही, यही नही क्षेत्रीय विधायक को भी ग्रामीणों के द्वारा कई बार मोटर मार्ग पर कार्य शूरू करवाने हेतू बोला गया लेकिन आश्वासन के सिवाय कुछ हाथ नहीं लगा। ग्रामीणों का कहना है कि अगर सरकार द्वारा मोटर मार्ग पर यदि यथाशीघ्र निर्माण कार्य शूरू नही कराती है तो ग्रामीण भूख हड़ताल पर बैठने के लिए जल्द रणनीति बनायेगे।
